यूपी पुलिस का कारनामा, चेकिंग के लिये नहीं रुका तो उसको मार दिया गोली..!

सोनभद्र. राजधानी लखनऊ में एप्पल मैनेजर की गोली मारकर हत्या जैसी पुलिसिया कारिस्तानी यूपी के सोनभद्र में भी सामने आयी है। यहां चेकिंग के लिये न रुकने पर पुलिस ने एक बाइक सवार को गोली मार दी। उसे दो गोलियां मारी गयीं। गंभीर हालत में युवक का उपचार वाराणसी के ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है। घटना हो जाने के बाद पुलिस ने भरसक कोशिश किया कि इसे सड़क हादसे का रूप दे दिया जाय, पर वह इसमें सफल नहीं हो सके, तो उसका आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला, लेकिन वहां भी कोई कामयाबी नहीं मिल पायी। 
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पुलिस अधीक्षक सलमान ताज पाटिल ने कहा है की प्रकरण की जांच करायी जा रही है। उन्होंने कहा है कि अगर इस मामले में सिपाही की गलती सामने आयी तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। बताया गया है कि मड़िहान थाने के ददरा गांव निवासी 26 वर्ष का रविन्द्र कोल गांव में ही बने जौनपुरी ढाबे पर वेटर है। हाल ही मे उसने एक बाइक भी खरीदी है। जिसके लिये अपने हिस्से की भुमि बेचनी पड़ी। वेटर के काम में बहुत अच्छी इनकम न होने से वह मुंबई जाकर कुछ और काम करने जाने वाला था। नए काम में उसे तरक्की मिले तो इसके लिये ढाबे से खाली होकर किसी से ताबीज लेने के लिये सुकृत जा रहा था। 
इधर सोनभद्र में पुलिस की चेकिंग चल रही थी। सोनभद्र जिले की सीमा में कर्मा थानाक्षेत्र के कुचमरवा गांव के नजदीक गाड़ी का कागज और लाइसेंस वगैरह न होने के चलते वह पुलिस चेकिंग पर नहीं रुका तो पुलिस ने पीछाकरके उसे दो गोली मार दी। वह बाइक समेत सड़क पर गिरकर तड़पने लगा। तुरन्त उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पहुंचाया गया। जब घायल रविन्द्र कोल के परिवार के लोग अस्पताल पहुंचे और रविन्द्र ने उन्हें पूरी बात बतायी तो पुलिस वहां से भाग खड़ी हुई।
उधर पुलिस वाले अब भी अपने बचने की जुगत में लगे हुए थे। खुद को बचाने के लिए वो रविन्द्र को अपराधी घोषित करने की संभावना तलाशने लगे। उसका आपराधिक इतिहास खंगाला, लेकिन कहीं शांति भंग जैसी मामूली धारा में भी उसके विरुद्ध कोई शिकायत नहीं मिली। सोनभद्र के एसपी ताज पाटिल ने भी माना कि उसका कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है और न ही कभी उसे शांति भंग तक में चालान किया गया है। उन्होंने कहा है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच होगी और दोषी पाए जाने पर किसी को बख्शा नहीं जाएगा।