प्यार पर परिवार का पहरा, प्रेमी युगल ने मंदिर में रचाई शादी और फिर पहुंच गए सुरक्षा मांगने

यूपी के हमीरपुर जिले में एक दूसरे के प्यार में डूबे प्रेमी युगल को घरवालों की बंदिशें रास नहीं आई। जब परिजनों ने उनका प्यार स्वीकार नहीं किया तो उन्होंने रविदास मंदिर पहुंच शादी रचा ली। जिसके बाद कोतवाली पहुंचकर सुरक्षा की मांग की है। यह मामला हमीरपुर जनपद के राठ कस्बे में सिकंदरपुरा मोहल्ले का है। जहां रहने वाले रामसेवक पासवान का मोहल्ले के ही स्वजातीय आरती से बीते 5 वर्ष से प्रेम प्रसंग चल रहा था। 
जब इन दोनों के प्यार का आरती के घर वालों को पता चला तो उन्होंने आरती पर बंदिशें लगानी शुरू कर दीं। परिवारों की रजामंदी न मिलने के बावजूद प्रेमी युगल ने एक दूसरे का साथ देने की ठानी। बुधवार सुबह आरती रामसेवक के घर जा पहुंची तथा मंदिर में शादी करने की बात रखी। दोनों के प्यार को देखते हुए रामसेवक के घर वाले शादी के लिए तैयार हो गए। राठ कस्बे के पड़ाव चौराहा स्थित रविदास मंदिर में पहुंच प्रेमी युगल ने एक दूसरे को माला पहना जीवन भर साथ निभाने का वादा किया।

संत रविदास बने इस प्रेम विवाह के साक्षी
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प्रेमी युगल ने संत रविदास जी की प्रतिमा से आशीर्वाद ले जीवन की नई पारी शुरू की। कोतवाल मनोज शुक्ला का कहना है कि इस शादी पर लड़की की मां ने आपत्ति जताई है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। रात कस्बा एस्टेट पोस्ट ऑफिस में सफाई कर्मचारी के रूप में तैनात रामसेवक की उम्र 36 वर्ष है, जबकि उसकी प्रेमिका आरती अभी 24 वर्ष की है। दोनों के बीच 12 वर्ष की उम्र का अंतर आरती के परिवारवालों को रास नहीं आ रहा है। जिसके चलते वह दोनों की शादी के खिलाफ हैं।

एक वर्ष पूर्व आरती ने किया था इनकार
रामसेवक व आरती का रिश्ता आरती के घरवालों को रास नहीं आ रहा था। जिस पर उन्होंने आरती पर बंदिशें लगानी शुरू कर दीं। घरवालों के दबाव में 1 वर्ष पूर्व आरती ने रामसेवक से कोई भी रिश्ता रखने से इनकार कर दिया था, लेकिन वह खुद को ज्यादा दिनों तक रोक नहीं पाई। बुधवार सुबह रामसेवक के साथ रविदास मंदिर पहुंच दोनों एक दूसरे के हो गए।