खुद को स्वीपर बता घर में घुस गया प्रेमी, सो रही प्रेमिका को मार दिया गोली और फिर जो किया जानिए...

राजधानी पटना के शास्त्रीनगर थाना क्षेत्र के देवी स्थान गली नंदगांव में शुक्रवार की सुबह प्रेमी ने प्रेमिका को गोली मारने के बाद खुद भी सिर में गोली मार आत्महत्या कर ली। प्रेमी की मौत घटनास्थल पर ही हो गई, जबकि प्रेमिका जिंदगी और मौत के बीच झूल रही है। उसका इलाज राजधानी के राजा बाजार स्थित निजी अस्पताल में चल रहा है। गोली सिर में फंसी हुई है। हालत काफी नाजुक है। युवक चेतन आनंद सीतामढ़ी के परिहार का रहने वाला है। लड़की भी सीतामढ़ी की ही रहने वाली है। राजधानी के एक संस्थान की छात्रा है 
सूचना मिलते ही मौके पर शास्त्रीनगर थानाध्यक्ष विमलेंदु कुमार, डीएसपी सचिवालय सहित पुलिसबल घटनास्थल पर पहुंचा और छानबीन में जुट गया। एफएसएल की टीम भी पहुंची और साक्ष्य इकट्ठे किए। कमरे से पुलिस ने एक देसी पिस्तौल और दो खोखे भी बरामद किए। चेतन का बैग भी पुलिस को कमरे से मिला। इसमें डायरी मिली जिसमें सुसाइड नोट और युवती द्वारा उसे लिखा गया प्रेम पत्र था। सुसाइड नोट में लिखा था- 'मौत ही मोक्ष है। मैं तुम्हारे बिना नहीं रह सकता।  पत्र के अंत में चेतन का नाम और हस्ताक्षर थे। चेतन और निधि का मोबाइल भी मौके से पुलिस ने बरामद किया है। 

कचरा वाला कह फ्लैट में घुसा था चेतन

युवती अपनी बहन के साथ नंदगांव में किराये के मकान में  आठ महीने से रह रही थी। दो दिन उसकी बड़ी बहन और बहनोई मुंबई से आए हुए थे। शुक्रवार की सुबह सात बजे चेतन ने फ्लैट की घंटी बजाई और वहां से नीचे चला आया। दरवाजा बड़ी बहन ने खोला। कोई नहीं दिखाई दिया। तब उसने दरवाजा बंद कर लिया। आधे घंटे बाद चेतन फिर पहुंचा और कॉलबेल बजाई। इस बार भी उसकी बड़ी बहन ने ही दरवाजा खोला। उसने खुद को कचरा वाला बता कचरा देने को कहा। जैसे ही उसकी बहन किचेन में कचरा लाने के लिए गई कि चेतन छात्रा के कमरे में चला गया। चंद मिनट में कमरे से जोरदार आवाजें आईं। वह भागी- भागी कमरे में पहुंची तो देखा कि चेतन फर्श पर गिरा पड़ा है।  खून की धार निकल रही है। वहीं बहन खून से लथपथ बेड पर तड़प रही थी। उसके भी सिर में गोली लगी थी। कुछ ही पल में दूसरे कमरे में सोई छोटी बहन और बहनोई भी पहुंच गए।
वहां का नजारा देख वे जोर-जोर से चिल्लाने लगे। उनकी आवाज सुनकर मकान मालिक सहित आसपास के रहने वाले लोग जुट गए। कुछ ही देर में पुलिस भी वहां पहुंच गई। युवती की छोटी बहन ने ही चेतन की पहचान की। चेतन के पिता परिहार के प्रतिष्ठित परिवार से आते हैं। उनका वहां बालू, गिट्टी, छड़, सीमेंट का व्यवसाय है। घटना के बाद पुलिस ने इसकी सूचना चेतन के घर पर फोन से दी। उन लोगों ने इसकी जानकारी चेतन के हनुमान नगर में रहने वाले चाचा केदार प्रसाद सिंह और मीठापुर में रहने वाले चचेरे भाई विजय सिंह को दी। सूचना मिलते ही दोनों घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने आइजीआइएमएस में शव का पोस्टमार्टम कराकर स्वजनों को सौंप दिया। 

दो साल से था प्रेम संबंध
युवती और चेतन के बीच दो साल से प्रेम संबंध था। इसकी जानकारी पुलिस को उसकी छोटी बहन ने दी। चेतन बीए ऑनर्स करने के बाद परिहार में कोचिंग चलाता था। पिता के व्यवसाय में भी हाथ बंटाता था। दोनों एक दूसरे को पसंद करते थे। सूत्रों की मानें तो चेतन और युवती के बीच दो दिनों पूर्व मोबाइल पर जमकर झगड़ा हुआ था। चेतन की शादी की बात घर में चल रही थी।  इसी बात को लेकर चेतन और युवती के बीच तकरार हुई। युवती ने उसे कभी बात नहीं करने की धमकी देकर फोन काट दिया था। बहुत बार फोन कर चेतन ने बात करने की कोशिश की, लेकिन युवती ने फोन नहीं उठाया। वह गुस्से में पटना पहुंच गया और घटना को अंजाम दे दिया। 

घर का इकलौता चिराग था चेतन

चेतन पांच भाई-बहनों में सबसे छोटा था। उससे बड़ी उसकी चार बहनें हैं। सभी की शादी हो चुकी है। उसके चाचा केदार प्रसाद सिंह हनुमान नगर पटना में रहते हैं और रियल एस्टेट के कारोबार से जुड़े हैं। सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। चेतन के पिता और मां शुक्रवार की देर शाम सीतामढ़ी से सीधे गुलबीघाट पहुंचे। चेतन का दाह संस्कार गुलबीघाट पर कर दिया गया। इसके पहले जब चेतन के माता-पिता ने बेटे का शव देखा तो फफक -फफक कर रोने लगे।