यात्रियों से भरी बस पेड़ से जाकर टकराई, दर्जनभर यात्री हो गए घायल

शहडोल से जबलपुर यात्रियों से भरी जा रही बस एमपी १८ पी ०६२४ अनूपपुर सीएमएचओ कार्यालय के पास अनियंत्रित होकर सडक़ से नीचे आम के पेड़ से जा टकराई। जिसमें बस में सवार लगभग दर्जनभर यात्रियों को चोटे आई। सभी घायलों को तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहंा गम्भीर मामले नहीं होने के कारण सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के उपरांत ८ जनवरी की सुबह घर रवाना की अनुमति दे दी गई। घायलों में अधिकांश यात्रियों के सिर, कमर, हाथों में चोट लगी थी। इनमें अधिकांश अधेड़ आयु के यात्री थे। 
अस्पताल की सूचना के अनुसार घायलों में १८ वर्षीय अरविंद कुमार पिता नारायण सिंह बिजौरा, ३५ वर्षीय रामशरण पिता अमर सिंह निवासी देवरी डिंडौरी, ५० वर्षीय इतवरिया बाई पति मौला कोल समनापुर डिंडौरी, ३५ वर्षीय चंपा बाई पति बसंत निवासी देवरी डिंडौरी, २९ वर्षीय द्रोपति बाई पति अगनू निवासी देवरी डिंडौरी, ५० वर्षीय वैशखिया पति सुखारू निवासी देवरी डिंडौरी, ३५ वर्षीय श्यामवती पति अर्जुनलाल निवासी बिझौड़ा, ४५ वर्षीय लाल सिंह पिता खेमकरण निवासी देवरी डिंडौरी, ५० वर्षीय पनकू सिंह पिता गर्जन सिंह निवासी बिझौड़ा तथा १९ वर्षीय रमेश विश्वकर्मा पिता बब्लू विश्वकर्मा निवासी लीलाटोला राजेन्द्रग्राम अनूपपुर शामिल हैं। घटना मध्यरात्रि १२ बजे से १२.३० बजे के बीच की बताई जाती है। घायलों का कहना था कि यह दुर्घटना बस चालक की लापरवाही के कारण हुआ। यह तो शुक्र था कि बस पलटी नहीं, आम की पेड़ से ओट लेकर खड़ी रह गई, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। 

टक्कर इतनी जबरजस्त थी कि पेड़ से टकराने के दौरान बस का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घायल रामशरण सिंह ने बताया कि उनके पिता के निधन की सूचना के बाद वे अपने परिजनों व रिश्तेदारों के साथ इलाहाबाद से शहडोल आए थे, जहां नफीस बस सविर्स जो शहडोल-अनूपपुर-डिंडौरी होते जबलपुर जाती है से डिंडौरी के लिए सवार हुआ था। बस अनूपपुर से डिंडौरी के लिए छूटने के बाद जैसे ही लगभग दो किलोमीटर की दूरी तय की होगी, अमरकंटक तिराहा से चंदास नदी पुल के निकट सीएमएचओ कार्यालय के पास चालक ने लापरवाही पूर्वक बस चलाते हुए सडक़ से नीचे गड्ढे की ओर उतार दिया। 

यहां बस हिचकोले खाते हुए चंद दूरी सडक़ किनारे लगी पेड़ से तेजी से जा टकराई। जिसमें बस में सवार सभी लोगों को चोटे आई। बस में लगभग ४०-४५ यात्री सवार थे। घटना के बाद दूर-दराज के यात्री पीछे से आ रही अन्य बस से अपने गंतव्य की ओर रवाना हो गए, शेष घायलों को उपचार के लिए जिला अस्पताल लाया गया। शुक्र था कि बस हिचकोले खाने के बाद पलटी नहीं, अन्यथा सडक़ के किनारे खुदी हुई गड्ढे में गिर जाती और बड़ा हादसा हो सकता था। पुलिस मामले में चालक के खिलाफ मामला दर्जकर जांच कर रही है।