लड़के से मिलने से घरवाले न रोकें इसलिए आई ननिहाल, वहां नानी ने उतार दिया उसको मौत के घाट, जानें कारण…

उत्तर प्रदेश में पुरानी बस्ती के खवासबारी गांव में एक युवती अपने प्रेमी को पाने की जिद में अपनी जान गंवा बैठी। मेडिकल का कोर्स कर रही अलका यादव के प्रेम-प्रसंग के बारे में नानी को पता लगा तो उसने अपनी नातिन को मौत के घाट उतार दिया। बस्ती के एसपी पंकज कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेस कर इस हत्या का खुलासा किया। पंकज कुमार ने बताया कि जिस युवती की हत्या हुई, उसका किसी युवक से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। वह अपने किसी रिश्तेदार के यहां रह रही थी। 
उन्हें उसके बारे में पता लगा तो उन्होंने उसे घर भेज दिया। मगर, वह युवती घर न आकर अपने ननिहाल यानी कि नानी के पास चली गई। वहां नानी को नातिन के प्रेम-प्रसंग का पता चला तो वो गुस्सा हो गईं। आवेश में आकर उन्होंने युवती का डंडे से सिर फोड़ दिया। उसके बाद कपड़े से गला घोंट दिया। कुछ ही देर में युवती की मौत हो गई। एसपी संजय के अनुसार, खवासबारी गांव में मेडिकल छात्रा 21 वर्षीय अलका ने आत्महत्या नहीं की थी, बल्कि उसकी हत्या की गई थी। मृतका की नानी को हत्या के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। 
एसपी पंकज कुमार ने प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि नानी ने कुबूला है कि अलका अपने प्रेमी के साथ भागने की फिराक में थी, मगर वो अलका को रोक रही थी। अलका से बहस में नानी मेवाती ने अलका पर डंडे से वार कर दिया। बाद में कपड़े की रस्सी से गला कसकर उसे मार डाला। एसपी के मुताबिक, आत्महत्या का रूप देने के लिए उसे फंदे से लटका दिया गया था। अलका संतकबीरनगर के धनघटा थाने के गोपीपुर निवासी राजेंद्र यादव की बेटी थी। वह लखनऊ में रिश्तेदार के घर रहकर एएनएम की पढ़ाई कर रही थी। 
पढ़ाई के दौरान अलका का सीतापुर के एक युवक से प्रेम संबंध हो गया। अलका के प्रेम-प्रसंग का रिश्तेदार को पता चला तो उन्होंने उसे लखनऊ से उसके घर भेज दिया। एक सितंबर को अलका अपने घर न जाकर खवासवारी स्थित नानी के पास घर चली गई, मगर, बस्ती के खवासवारी में उसने प्रेमी से बातचीत जारी रखी। एसपी के अनुसार, 11 सितंबर-2019 को मोबाइल पर बात करते समय नानी आ पहुंची। और फिर उसके बाद नानी ने उसको पत्थर से पीटकर मार डाला।