24 घंटे से भूखी महिलाओं ने SDM कार्यालय से मांगा खाना, मजाक उड़ाते हुए निकाला गया बाहर

उत्तर प्रदेश सरकार के सख्त निर्देश है कि लॉकडाउन में कोई भी भूखा नहीं सोएगा। सरकार के यह आदेश उत्तर प्रदेश के जनपद हापुड़ में महज खाना पूर्ति बनकर रह गए हैं। 24 घंटे से भूख से तड़पती बुजुर्ग महिला खाना मांगने के लिए जब सदर एसडीएम कार्यालय पहुंचती है तो वहां मौजूद कर्मचारी उनकी गरीबी का मजाक उड़ाते हैं और महिलाओं को एसडीएम कार्यालय से बाहर निकल देते हैं।
महिलाएं पेड़ के नीचे बैठकर फूट फूटकर रोने लगती है। भूख से तड़पती महिला की बात को सुनकर मीडियाकर्मियों ने उन्हें खाना खिलाया और मीडियाकर्मियों का शुक्रिया अदा करते करते हुए रोती हुई चली गईं।

पिछले 24 घंटे से नहीं खाया है खाना
हापुड सिटी कोतवाली के मौहल्ला गणेश पुरा की रहने वाली धर्मवती की (70 वर्ष) का कहना है कि उसने पिछले 24 घंटे से खाना नहीं खाया है। बुजुर्ग भूखी इस महिला के साथ 4 महिलाएं और आई थी उनका भी यही हाल था। उनमें से एक महिला हाथ से अपाहिज भी थी। सभी पांचों महिलाएं लॉकडाउन में भी 2 किलोमीटर पैदल चल कर एसडीएम कार्यालय पहुंची और अपने आपकों भूखा बताया। कार्यालय में मौजूद कर्मचारियों से हाथ फैला कर खाना मांगा वहा मौजूद कर्मचारियों ने उन्हें भगा दिया। एक होमगार्ड ने तो यह तक कह डाला कि घर में ताला लगा दूंगा वरना भाग जाओ यहां से। और महिलाओं को वहां से भगा दिया।

हालात ऐसे हैं कि आलू उबालकर खा रही हैं महिलाएं
फिर क्या था, भूखी लाचार महिलाएं एसडीएम कार्यालय के बाहर सोशल डिस्टेंसिंग बना कर बैठ गई। तो बुजुर्ग महिला फूट फूट कर रो रही थी और उन्होंने अपनी आप बीती मीडिया के कैमरे के सामने बताई कि उनके घर में कोई राशन नहीं है। आलू उबालकर खा रही है और अपना पेट भर रही है।
पांचों महिलाओं को मीडिया कर्मियों ने खाना लाकर खिलाया। जब इस मामले की भनक हापुड़ तहसीलदार को लगी तो वह महिलाओं के लिए खाना लेकर आये लेकिन गुस्से में महिलाओं ने खाना लेने से इन्कार कर दिया और महिलाएं तहसीदार द्वारा दिये गए खाने को बिना लिए ही लौट गईं।