कोरोना से लड़ाई में अब चीन को टक्कर दे रहा है भारत, इस राज्य में बनाई ऐसी जबरदस्त मशीन

देश में कोरोना वायरस के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। इसकी वजह से इसकी संख्या 1700 के पार पहुंच चुकी है। इतने मामलों के बावजूद इस महामारी की कोई दवा अभी तक सामने नहीं आई है, लेकिन सरकारों की तरफ से इसे रोकने के लिए प्रयास जारी हैं ऐसा ही प्रयास किया है तमिलनाडु सरकार ने। तमिलनाडु में कोरोना संक्रमण के 110 नए मामले सामने आए है, जिनसे कुल संख्या बढुकर 234 हो गई है।

अपनी तरह का पहला टनल
तिरुपुर जिला कलक्टर ने थेन्नमपालयम के उझवर संथै इलाके में कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए एक अलग तरह की कोरोना डिसइन्फेक्शन टनल का उद्घाटन किया है। यह राज्य में अपनी तरह का पहला डिसइंफेक्शन टनल है। इसे सब्जी मार्केट की शुरुआत में रखा गया है। बाजार में जाने के लिए लोगों को करीब 3-5 सेकंड तक इस सुरंग से गुजरना पड़ता है। जब भी कोई मार्केट में आएगा, तो उसे पहले इस टनल से गुजरना पड़ेगा, 3 से 4 सेकेंड तक की दूरी में उस व्यक्ति पर सेनेटाइजर का छिड़काव किया जाएगा, उसके बाद ही वह मार्केट में जा सकेगा। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन ने यह टनल भारतीय उद्योग परिसंघ की युवा शाखा यूथ इंडियन के सहयोग से बनाया है।

केमिकल के घोल का छिड़काव

बाजार जाने के लिए लोग सुरंग के अंदर तीन से पांच सेकंड तक चलेंगे, इस बीच टनल में तीन नोजल के दो सेट 1 पीपीएम (प्रति मिलियन भाग) में 1 प्रतिशत सोडियम हाइपोक्लोराइट के घोल का छिडक़ाव करेंगे। यह वायरस को मारने के लिए पर्याप्त है। सफाई कर्मी और जनता को कीटाणुशोधन सुनिश्चित करने के लिए सुरंग में प्रवेश करते समय सामने की ओर अपनी हथेलियों के साथ अपने हाथों को ऊपर उठाने की सलाह दी गई। सुरंग में प्रवेश करने से पहले हाथ धोना पड़ता है।

इतनी आई लागत

इस टनल को बनाने में 90 हजार का खर्च आया है। हजार लीटर वाला डिसइंफेक्शन टनल लगातार 16 घंटे तक चलेगा। जिले में ऐसे ही और टनल बनाए जाएंगे। पिछले दो दिनों से कोरोना के मामलों में काफी तेजी आई है, इसी के बाद सरकार की तरफ से इस वायरस को रोकने की तमाम कोशिशें जारी हैं। तमिलनाडु सरकार की तरफ से उठाया गया यह कदम काफी सराहनीय है।