फलों पर थूकने वाले शेरू मियाँ पर FIR पर बेटी ने कहा- अब्बू नोट गिनने की आदत के कारण ऐसा करते हैं

कोरोना वायरस के प्रकोप से एक ओर जहाँ पूरे देशभर में लोग एकजुट होकर एक दूसरे की सुरक्षा का खयाल रख रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ ऐसे भी मामले सामने आ रहे हैं, जिनमें कुछ लोग जानबूझकर जगह-जगह पर इस वायरस के संक्रमण को आगे बढाने की कोशिश करते हुए देखे जा रहे हैं। दुर्भाग्य की बात यह है कि ऐसा करने वालों में अब तक मुस्लिम समुदाय के लोगों के नाम सामने आए हैं।
कल ही नासिक पुलिस ने एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया, जो रुपयों की गड्डी से अपने नाक-मुँह पोंछकर कोरोना वायरस को अल्लाह का अजाब बता रहा था। इसके बाद एक वीडियो सोशल मीडिया पर देखा गया, जिसमें ठेले पर फल बेचने वाला फलों को जूठा कर रहा है और उस पर अपना थूक लगा रहा है।

पुलिस ने शेरू मियाँ के खिलाफ धारा 269 और 270 के तहत मामला दर्ज किया है। फिलहाल शेरू मिया रायसेन में अपने घर पर हैं। शेरू मिया की बेटी ने कहा है कि अब्बू की तबीयत खराब है और ऐसा वो नोट गिनने की आदत के कारण करते हैं।

सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल होते ही इसके खिलाफ एक युवक ने पुलिस से शिकायत की। जाँच में पता चला कि यह ठेले वाला मध्य प्रदेश के रायसेन में तिपट्टा बाजार के पास टीन वाली मस्जिद के पास ठेली लगाने वाला शेरू मियाँ है जो कभी-कभार रायसेन के मुख्य बाजार में फलों का ठेला लगाते हैं।

दैनिक भास्कर की एक ताजा रिपोर्ट में बताया गया है कि शेरू मियाँ की गिरफ्तारी के बाद उसकी बेटी फिजा का कहना है कि पुलिस ने उनके अब्बू पर मामला दर्ज करने के बाद उनकी पिटाई कर घर वापस भगा दिया।

उसने कहा कि सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल होने के बाद उनके पास कई जगह से फोन आए। बेटी ने शिकायत करते हुए कहा कि आखिर वो एकाएक गुनाहगार क्यों बन गए हैं? फलों पर थूक लगाने वाले शेरू मियाँ की बेटी फिजा का कहना है कि किसी ने उनसे पहले पूछा क्यों नहीं और उनके अब्बू की हालत क्यों नहीं देखी। साथ ही उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि ऐसे माहौल में आगे क्या होगा?

रिपोर्ट के अनुसार, फिजा ने कहा कि उनके अब्बू वीडियो में जैसा करते दिख रहे हैं वह सिर्फ उनकी नोट गिनने की पुरानी आदत है और वो अकसर घर में भी कभी भी ऐसी हरकतें करते रहते हैं। फिजा ने कहा कि जब उनके अब्बू ज्यादा तनाव में होते हैं तो ऐसा करने लगते हैं।

फिजा का कहना है कि उसके अब्बू का यह वीडियो कुछ महीने पुराना है और वह अब तबियत खराब होने के कारण कभी कभार ही फलों की ठेली लगाते हैं।

दरअसल, सोशल मीडिया पर निरंतर ऐसे सामने आ रहे हैं जिसमें मुस्लिम युवक या तो कोरोना को अल्लाह का अजाब बताते देखे जा रहे हैं या फिर कुछ मौलवी कोरोना से भारत में 50 करोड़ लोगों की मौत की दुआ माँग रहे हैं। कुछ युवाओं का टिकटोक पर यह कहते हुए भी देखा जा रहा है कि नमाज पढ़कर ही कोरोना वायरस से ठीक हो सकते हैं।

ऐसे में शेरू मियाँ के इस वीडियो ने सोशल मीडिया पर लोगों को दहशत में डाल दिया था। पहली बार देखने पर यह वीडियो यही संदेश देते नजर आ रहे हैं कि मुस्लिम समुदाय जानबूझकर इस वायरस को फैलाने का प्रयास कर रहा है। इसका सबसे ज्यादा नुकसान मुस्लिम समुदाय की छवि को होते नजर आ रहा है। खासतौर से के कारनामे के बाद से लोग बेहद घबराए हुए हैं।