कोरोना पर मुख्यमंत्रियों के साथ पीएम की बैठक में इन पांच मुद्दों पर हो सकता है मंथन!

देश में कोरोना वायरस धीरे-धीरे अपने चरम पर पहुंचता जा रहा है। दुनिया में वायरस से प्रभावित देशों की सूची में भारत चौथे स्थान पर पहुंच गया है। देश में संक्रमितों की संख्या तीन लाख के पार पहुंच गई है। कोविड-19 से सबसे ज्यादा देश की राजधानी दिल्ली और आर्थिक राजधानी मुंबई प्रभावित है।
वहीं, एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए चर्चा करेंगे। कोरोना काल में प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्रियों के बीच आयोजित होने वाली यह छठी बैठक है। दो दिवसीय बैठक का पूरा कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि पीएम मोदी किन विषयों को लेकर मुख्यमंत्रियों के साथ चर्चा करेंगे। माना जा रहा है कि इन पांच बिंदुओं पर वह चर्चा कर सकते हैं।

राज्यों से मांगी जा सकती है कोरोना पर रिपोर्ट

माना जा रहा है कि पीएम मोदी सभी राज्यों से उनके यहां कोरोना से उत्पन्न स्थिति को लेकर रिपोर्ट मांग सकते हैं। जिस तरह अनलॉक-1 में ज्यादातर प्रदेशों में कई प्रतिबंधों में रियायत दी गई है, उससे पैदा हुई स्थिति को लेकर भी चर्चा की जा सकती है। साथ ही मुख्यमंत्रियों से कोरोना से निपटने के लिए सुझाव भी लिए जा सकते हैं।

दिल्ली, महाराष्ट्र और गुजरात के लिए हो सकती है अलग योजना

देश की राजधानी दिल्ली और महाराष्ट्र वायरस के प्रहार से सबसे ज्यादा प्रभावित है। यहां जिस तरह संक्रमितों की संख्या में इजाफा हो रहा है, उसने यहां के मुख्यमंत्रियों को चिंता में डाल दिया है। महाराष्ट्र में मरीजों की संख्या एक लाख को पार कर गई है। दिल्ली में भी स्थिति भयावह है। दूसरी तरफ, गुजरात भी कोरोना वायरस का दंश झेल रहा है। यहां मरीजों की संख्या में कमी नहीं आ रही है। ऐसे में माना जा रहा है कि बैठक में पीएम मोदी इन तीन राज्यों में कोरोना से निपटने के लिए एक अलग योजना बना सकते हैं।

फिर से सख्ती बढ़ाने पर हो सकती है चर्चा 

माना जा रहा है कि बैठक में सख्ती बढ़ाने पर विचार किया जा सकता है, क्योंकि जिस तरह अनलॉक-1 में मिली छूट के बाद संक्रमण में इजाफा हो रहा है। वो इस बात की ओर इशारा कर रहा है कि फिर से सख्ती को बढ़ाया जा सकता है। पंजाब ने कोविड-19 के बढ़ते मामलों को देखते हुए इस बात का फैसला किया है कि वह अपने राज्य में सख्ती बढ़ाएगा। ऐसे में अन्य राज्यों के मुख्यमंत्री भी प्रधानमंत्री के साथ इस विषय पर चर्चा कर सकते हैं।

यातायात सुविधाओं को लेकर हो सकती है चर्चा

कोविड-19 की वजह से देश में मेट्रो, रेलवे और अन्य यातायात सुविधाओं का सीमित ढंग से संचालन हो पा रहा है। ऐसे में माना जा रहा है कि इस विषय पर विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों और प्रधानमंत्री के बीच चर्चा हो सकती है। वर्तमान में ट्रेनों का संचालन भी सीमित संख्या में हो रहा है। ऐसे में ट्रेनों के संचालन को लेकर भी मंथन हो सकता है।

क्या बढ़ सकता है लॉकडाउन? इस विषय पर भी होगी चर्चा

सोशल मीडिया सहित लोगों के बीच इस बात को लेकर चर्चा तेज है कि लॉकडाउन को फिर से बढ़ाया जा सकता है। कहा जा रहा है कि 15 जून के बाद लॉकडाउन को बढ़ाया जाएगा। हालांकि, केंद्र सरकार ने इस बात को खारिज कर दिया है और कहा है कि लॉकडाउन को लेकर कोई भी चर्चा नहीं हुई है। माना जा रहा है कि इस विषय पर भी पीएम मोदी मुख्यमंत्रियों के साथ चर्चा कर सकते हैं।

ये है पूरा कार्यक्रम

16 जून को प्रधानमंत्री मोदी 21 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों और प्रशासकों से बात करेंगे। इनमें पंजाब, असम, केरल, उत्तराखंड, झारखंड, छत्तीसगढ़, त्रिपुरा, हिमाचल प्रदेश, गोवा, मणिपुर, नागालैंड, मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़, पुडुचेरी, लद्दाख, दादर नगर हवेली, अंडमान निकोबर, दमन दीव और लक्षद्वीप शामिल हैं।

जबकि 17 जून को पीएम मोदी महाराष्ट्र, तमिलनाडु, गुजरात, राजस्थान, यूपी, मध्यप्रदेश, कर्नाटक, पश्चिम बंगाल, बिहार, आंध्र प्रदेश, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, तेलंगाना, ओडिशा के मुख्यमंत्रियों से बातचीत करेंगे।